आस्ट्रेलिया सरकार के कई मंत्रियाें काे बनाया निशाना

इस फिशिंग के बारे में अर्थाेरिटीज काे 18 मार्च काे बताया गया है

जानकारी के अनुसार आस्ट्रेलिया के फाइनेंस मिनिस्टर सिमाेन बर्मिघम Simon Birmingham का टेलीग्राम अकाउंट हैक कर लिया गया है. इस फिशिंग के बारे में अर्थाेरिटीज काे 18 मार्च काे बताया गया है. जिसके बाद से पुलिस ने इसे लेकर जांच शुरू कर दी है.

नई दिल्ली. आस्ट्रेलियन फेडरल पुलिस एक ऐसे फिशिंग स्कैम की पड़ताल करने में जुटी है जिसमें आस्ट्रेलियन सरकार के कई मंत्रियाें काे Telegram App के जरिए फाेन पर निशाना बनाया जा रहा है. इस फिशिंग के बारे में अर्थोरिटीज काे 18 मार्च काे बताया गया है. जिसके बाद से पुलिस ने इसे लेकर जांच शुरू कर दी है. आस्ट्रेलियाई फेडरल पुलिस ने इस फिशिंग काे लेकर रविवार काे जारी अपने बयान में कहा कि इसके जरिए भेजे जा रहे मैसेज से प्रथम दृष्टयता ऐसा प्रतीत हाेता है कि इसे भेजने वाला आपका ही काेई सहयाेगी है जाे आपसे कुछ बात करना चाहता है और इसके लिए वाे आपकाे एक मैसेजिंग एप डाउनलाेड करने के लिए प्राेत्साहित करता है. जिसके बाद वाे सामने वाले का अकाउंट भी हैक कर लेता है. 

जानकारी के अनुसार आस्ट्रेलिया के फाइनेंस मिनिस्टर सिमाेन बर्मिघम (Simon Birmingham) का टेलीग्राम अकाउंट हैक कर लिया गया है. आस्ट्रेलिया के स्काय न्यूज टेलीविजन ब्रॉडकास्ट के अनुसार रविवार शाम काे उनके रिपाेर्टर ने ट्टीट किया कि जिसके पास भी उनके खाते की पहुंच है वह अभी भी उनके संपर्क के लाेगाें काे मैसेज भेज रहा है बिना यह बताए कि उसे जानकारी कहा से मिली.

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इसे लेकर पुलिस ने भी इस बात की पुष्टि की है Birmingham के अकाउंट से संदिग्ध एक्टिविटी चल रही है जिसके बाद से देश की सायबर इंटेलीजेंस एजेंसी इस मामलें की जांच में जुट गई है.   बर्मिघम के कार्यालय ने बिजनस आवर के बाद आने वाले किसी भी कॉल और ई-मेल पर रिस्पांस देना बंद कर दिया है. वहीं टेलीग्राम भी वेबसाइट से भेजे गए मैसेज का जवाब नहीं दे रहा है. 

क्या हाेता है  Phishing attack

Phishing का हिंदी में अर्थ हाेता है ऑनलाइन जालसाजी. इसमें अटैकर्स मेल या मैसेज भेजने के लिए किसी ट्रस्टेड प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल करते है जैसा कि इस मामले में telegram का किया गया. किया गया मैसेज या ई-मेल देखकर आपकाे ऐसा लगता है कि यह आपके काम का मैसेज है और मजबूरन आप उसे ओपन करते है. जिसके बाद एक नई लिंक के जरिए जाे जानकारी आपने दी थी वाे हैकर्स के पास पहुंच जाती है.




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